Concept note बारनवापारा अभ्यारण्य छत्तीसगढ़ में स्थित है। 245 वर्ग कि.मी. के क्षेत्रफल में फैले इस अभ्यारण्य को 1972 में वन्यजीव अधिनियम के तहत वन्यजीव अभ्यारण्य घोषित किया गया। इस अभ्यारण्य में चार सींग वाले हिरण, बाघ, तेंदुए, जंगली भैंसे आदि पाये जाते है।
Concept note गहिरमाथा (ओडिशा) का समुद्री तट ओलिव रिडले समुद्री कछुओं का विश्व में सबसे बड़ा प्रजनन स्थल है और ओडिशा का एक मात्र कछुआ अभ्यारण्य है। ओडिशा सरकार ने सन 1997 में समुद्री कछुओं को बचाने के अपने प्रयासों के एक हिस्से के रूप में गहिरमाथा को कछुआ अभ्यारण्य घोषित किया था। गहिरमाथा समुद्री अभ्यारण्य, भितरकनिका राष्ट्रीय उद्यान के एक हिस्से में स्थित है। इस उद्यान के अन्य दो हिस्सों में भितरकनिका राष्ट्रीय उद्यान तथा भितरकनिका वन्यजीव अभ्यारण्य का क्षेत्र शामिल है।
Concept note सरिस्का टाइगर रिजर्व अलवर (राजस्थान) में अरावली की पहाड़ी यों पर स्थित है। यहाँ जंगली बिल्लियाँ, रीसस मकाक, सांभर, चीतल, जंगली सूअर आदि पाए जाते है। यहाँ कई पक्षी प्रजातियाँ जैसे सैंड ग्राउज, हार्वर बटेर, क्रेस्टेड सर्पेट ईगल आदि पायी जाती है।
Concept note एराविकुलम राष्ट्रीय उद्यान केरल के इडुक्की जिले के देवीकुलम तालुका के दक्षिणी पश्चिमी घाटों के हाई रेंज (कन्नड़ देवन हिल्स) में अवस्थित है। यह 97 वर्ग किमी. क्षेत्र में फैला हुआ है और अपने दक्षिणी क्षेत्र में दक्षिण भारत की सबसे ऊँची चोटी अनाईमुडी से संबद्ध है। इसे वर्ष 1975 में एराविकुलम राजमाला वन्यजीव अभ्यारण्य के रूप में घोषित किया गया था और वर्ष 1978 में एक राष्ट्रीय उद्यान का दर्जा दिया गया था।
Concept note भद्रा वन्यजीव अभ्यारण्य कर्नाटक के चिकमंगलुरु और शिमोगा जिले में स्थित है। भद्रा वन्यजीव अभ्यारण्य में बाघ, हाथी, काला तेंदुआ, मालाबार विशाल गिलहरी आदि जैसे जानवर पाये जाते है। इसकी स्थापना सन् 1951 में हुई थी। इसे पहले जगरा घाटी वन्यजीव अभ्यारण्य के रूप में जाना जाता था, सन् 1974 में इसका नाम बदलकर भद्रा वन्य जीव अभ्यारण्य कर दिया गया।
Concept note रंगनथिट्टू पक्षी अभ्यारण्य कर्नाटक राज्य में स्थित है। यह अभ्यारण्य कवेरी नदी के तट पर अवस्थित है। राज्य केरल - कुमारकोम, थट्टेकड़, मंगलवनम कर्नाटक - बांकापुरा, श्रीरंग पट्टनम, दांदेली आन्ध्रप्रदेश - कोल्लेरु, पुलिकट, उप्पलपाद तेलगांना - पाखल वन्य जीव अभ्यारण्य
Concept note वर्ष 1972 में, पौधों एवं जानवरों की प्रजातियों के संरक्षण के लिए भारतीय वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 अधिनियमित किया गया। वर्ष 2003 ई. इसे संशोधित किया गया और इसका नाम भारतीय वन्यजीव संरक्षण (संशोधित) अधिनियम 2002 रखा गया, जिसके तहत इसमे दण्ड तथा जुर्माने को और कठोर कर दिया गया।
Concept note पिट्टी द्वीप समूह भारत के पश्चिमी तट से दूर लक्षद्वीप द्वीप समूह में स्थित एक छोटा सा निर्जन द्वीप है जिसे पक्षी पिट्टी भी कहा जाता है। इस द्वीप में कोई मनुष्य निवास नहीं करता है बल्कि यह समुद्री पक्षियों के लिए एक महत्वपूर्ण घोसला बनाने का स्थान है। यह भारतीय वन्यजीव संरक्षण अधिनियम 1972 के तहत एक संरक्षित पक्षी अभ्यारण्य है।
Concept note विक्रमशिला गंगा डाल्फिन वन्य जीव अभ्यारण्य बिहार के भागलपुर जिले में स्थित है जो गंगा डाल्फिन की सुरक्षा के लिए बनाया गया है। गंगा डाल्फिन भारत का राष्ट्रीय जलीय जीव है। राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन द्वारा प्रतिवर्ष 5 अक्टूबर को गंगा डाल्फिन दिवस में रूप में मनाया जाता है।
Concept note सरकार ने वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम - 1972 को देश के वन्यजीवों को सुरक्षा प्रदान करने एवं अवैध शिकार, तस्कारी और अवैध व्यापार को नियंत्रित करने के उद्देश्य से लागू किया था।
Concept note शेषाचलम बायोस्फीयर रिजर्व आंध्र प्रदेश में है। यह रिजर्व क्षेत्र शेषचलम की पहाड़ीयो के पास स्थित है। इसी पहाड़ी पर तिरूपति बालाजी का मंदिर है।
Concept note वन्यजीव अभ्यारण्य स्थिति भगवान महावीर वन्यजीव अभ्यारण्य गोवा दांदेली वन्यजीव अभ्यारण्य कर्नाटक चिन्नार वन्यजीव अभ्यारण्य केरल पाखुई वन्यजीव अभ्यारण्य अरुणाचल प्रदेश
Concept note सानो बनैल (पिग्मी हॉग) का जंगली निवास स्थान मानस राष्ट्रीय उद्यान है। इस उद्यान में मुख्य रूप से एशियाई हाथी, इंडियन हॉर्नबिल, एक सींग वाला गैंडा, भौंकने वाला हिरण, काला चीता तथा दुर्लभ सुनहरा लंगूर आदि पाये जाते हैं। मानस राष्ट्रीय उद्यान असम राज्य में भूटान-हिमालय की तलहटी में स्थित है। इस उद्यान को वर्ष 1985 में यूनेस्को (UNESCO) द्वारा विश्व विरासत स्थल के सूची में शामिल किया गया था। उल्लेखनीय है कि मानस राष्ट्रीय उद्यान को वर्ष 1989 में बायोस्फीयर रिजर्व तथा वर्ष 1990 में नेशनल पार्क का दर्जा भी प्राप्त है।
Concept note पेंच बाघ अभ्यारण्य मध्य प्रदेश में स्थित है। इस अभ्यारण्य का नाम पेंच नदी के नाम पर रखा गया है। इस अभ्यारण्य का गठन सन् 1992 में किया गया था। पेंच बाघ अभ्यारण्य सतपुड़ा पर्वत श्रेणियों के दक्षिणी इलाकों में स्थित है। सिमलीपाल राष्ट्रीय उद्यान भारत के ओडिशा राज्य में स्थित है। सुंदरवन राष्ट्रीय उद्यान भारत के पश्चिम बंगाल राज्य के दक्षिणी भाग में गंगा नदी के सुंदरवन डेल्टा क्षेत्र में स्थित है।
Concept note भारत के बाघों के संरक्षण हेतु भारत की प्रथम महिला प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गाँधी के कार्यकाल में 1 अप्रैल 1973 ई. को भारत में ‘प्रोजेक्ट टाइगर’ परियोजना की शुरूआत की गई थी। इस परियोजना का उद्देश्य भारत में बाघों की आबादी को उनके प्राकृतिक आवासों में सुनिश्चित करना, बाघों को विलुप्त होने से बचाना और बाघों हेतु जैविक महत्व के क्षेत्रों को प्राकृतिक विरासत के रूप में संरक्षित करना है। वर्तमान में भारत में 53 बाघ रिजर्व हैं जो राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण (NTCA) के द्वारा प्रशासित की जाती है। 51वाँ बाघ रिजर्व केरल का श्रीविलिपुथुर मेघमलाई है। 52वां टाइगर रिजर्व रामगढ़ विषधारी टाइगर रिजर्व एवं 53वां टाइगर रिजर्व गुरूघासी दास टाइगर रिजर्व है।
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